महमूदाबाद (सीतापुर) 06:12:2025/अनुज कुमार जैन राज्य चीफ ब्यूरो
विद्यार्थी जीवन में सीखी गई छोटी-छोटी बातें ही हमें आगे बढ़ाती हैं। स्कूल की सभी शैक्षिक गतिविधियों में भाग लें, हार-जीत दोनों को स्वीकार करें और असफलताओं से सबक लें।

इंटरमीडिएट तक का पाठ्यक्रम मजबूत करें। ये सलाह दृष्टि आईएएस की चीफ मॉक पैनलिस्ट, नेशनल काउंसलर और चिल्ड्रेन साइकोलॉजी एक्सपर्ट डॉ. आरती शुक्ला ने सीता ग्रुप ऑफ एजुकेशन के शास्त्री सभागार में आयोजित कैरियर काउंसलिंग सेशन में दीं।

डॉ. शुक्ला ने कहा कि यूपीएससी परीक्षा धैर्य मांगती है। तैयारी करने वाले अक्सर धैर्य खो देते हैं, लेकिन सिविल सर्विसेज के लिए पर्याप्त समय दें। इंटरनेट युग में संसाधनों की कमी नहीं, लेकिन सूचनाओं का अति प्रवाह गलतियां पैदा करता है। मोबाइल-सोशल मीडिया से बचें, पुस्तकों और समाचार पत्रों को प्राथमिकता दें। इससे नजरिया विकसित होता है।

कक्षा 12 की छात्रा छाया वर्मा के समय प्रबंधन के सवाल पर डॉ. शुक्ला ने जवाब दिया कि सभी टॉपिक्स को बराबर समय बांटें, पाठ्यक्रम को सामने रखकर मनोयोग से पढ़ें। सेशन में इंटरमीडिएट छात्राएं प्राची निगम, पुष्पेंद्र शुक्ल, चित्रा वर्मा, वर्तिका सोनी, हरिओम यादव, अनू वर्मा, ऐश्वर्या वर्मा, अमन गिरी, शिवानी चौधरी, आंशी मौर्या, अभय रस्तोगी, अभिषेक शर्मा, पीयूष वर्मा, नव्या सिंह, अनामिका भार्गव ने सिविल सेवा तैयारी की समस्याएं साझा कीं, जिनका डॉ. शुक्ला ने मार्गदर्शन किया

कार्यक्रम द्वीप प्रज्वलन और मां शारदे-मां भारती के चित्रों पर माल्यार्पण से शुरू हुआ। संस्था चेयरमैन आर.के. वाजपेयी ने अपनी पूर्व छात्रा डॉ. शुक्ला का स्मृति चिन्ह और उत्तरीय भेंट से स्वागत किया। उप-प्रधानाचार्य यशपाल वर्मा, वरिष्ठ शिक्षक विनोद गुप्त, राकेश शुक्ल, प्रतिभा सिंह, अरूण वर्मा, शिवसेवक मिश्र समेत बड़ी संख्या में हाईस्कूल-इंटर छात्र मौजूद रहे। संचालन डिप्टी मैनेजर वागीश दिनकर ने किया।

