Head Office Himachal News Desk Editor Ram Parkash Vats
नूरपुर पुलिस द्वारा क्षेत्र के विभिन्न विद्यालयों में आयोजित जागरूकता कार्यक्रम एक सराहनीय और दूरदर्शी पहल के रूप में सामने आया है, जो न केवल विद्यार्थियों को शिक्षित करने का कार्य करता है, बल्कि उन्हें एक जिम्मेदार नागरिक बनने की दिशा में भी प्रेरित करता है। पुलिस थाना इंदौरा और पुलिस थाना डमटाल के अंतर्गत राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक विद्यालय ठाकुरद्वारा, राजकीय उच्च माध्यमिक विद्यालय भापू तथा सरस्वती विद्या मंदिर हगवाल में आयोजित इन कार्यक्रमों ने शिक्षा और सुरक्षा के बीच एक मजबूत सेतु स्थापित किया है।

इन कार्यक्रमों का मुख्य उद्देश्य विद्यार्थियों को आधुनिक समय की चुनौतियों से अवगत कराना रहा। ERSS (112) जैसी आपातकालीन सेवा के बारे में जानकारी देकर बच्चों को यह समझाया गया कि संकट की स्थिति में कैसे तुरंत सहायता प्राप्त की जा सकती है। साथ ही नशा मुक्ति के विषय पर विशेष जोर दिया गया, जो आज के समाज की एक गंभीर समस्या बन चुकी है। विद्यार्थियों को नशे के दुष्प्रभावों से अवगत कराते हुए उन्हें इससे दूर रहने की प्रेरणा दी गई।
साइबर अपराधों के बढ़ते मामलों को देखते हुए पुलिस ने डिजिटल सुरक्षा पर भी विशेष ध्यान केंद्रित किया। छात्रों को ऑनलाइन धोखाधड़ी, फर्जी लिंक, सोशल मीडिया के दुरुपयोग जैसी समस्याओं के प्रति सचेत किया गया। इसके अलावा POCSO Act, Motor Vehicle Act और NDPS Act जैसे कानूनों की जानकारी देकर बच्चों को उनके अधिकारों और कर्तव्यों के प्रति जागरूक किया गया।

कार्यक्रम के दौरान इंटरएक्टिव सत्रों और व्याख्यानों का आयोजन किया गया, जिसमें विद्यार्थियों ने सक्रिय रूप से भाग लिया। प्रश्न-उत्तर के माध्यम से उनकी जिज्ञासाओं का समाधान किया गया, जिससे सीखने की प्रक्रिया और अधिक प्रभावी बनी। महिला पुलिस अधिकारियों की भागीदारी ने इस कार्यक्रम को और भी महत्वपूर्ण बना दिया, क्योंकि उन्होंने विशेष रूप से बालिकाओं को सुरक्षा, आत्मविश्वास और अपने अधिकारों के प्रति जागरूक किया।समग्र रूप से देखा जाए तो नूरपुर पुलिस का यह प्रयास समाज में सकारात्मक बदलाव लाने की दिशा में एक मजबूत कदम है। इस प्रकार के कार्यक्रम न केवल विद्यार्थियों को जागरूक बनाते हैं, बल्कि उन्हें भविष्य में एक सजग और जिम्मेदार नागरिक बनने के लिए भी प्रेरित करते हैं।

