अंतर्राष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी चंपा ठाकुर का पैतृक स्कूल में भव्य सम्मान
भरमाडं से राम प्रकाश वत्स
बघेईगढ़। मेहनत और अनुशासन से हर मुकाम हासिल किया जा सकता है। यह बात अंतर्राष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी चंपा ठाकुर ने बघेईगढ़ में अपने पैतृक गांव के स्कूल में कही। चुराह घाटी के राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला बघेईगढ़ में चंपा ठाकुर व उनके पिता रमेश ठाकुर को स्कूल प्रबंधन एवं स्टाफ मेंबर्स की ओर से शॉल, टोपी और स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया गया। स्कूल के कार्यवाहक प्रधानाचार्य चैन सिंह शर्मा ने कहा कि यह उनके लिए गौरव की बात है कि उनके स्कूल में पढ़ी बेटी अंतर्राष्ट्रीय स्तर पर कबड्डी में गांव और प्रदेश का नाम रोशन कर रही है। चंपा ठाकुर हिमाचल की उन सब बेटियों के लिए प्रेरणा है, जो गांवों में अपनी पढ़ाई कर रही हैं।

फोटो – अंतर्राष्ट्रीय कबड्डी खिलाड़ी चंपा ठाकुर के सम्मान समारोह में मौजूद स्कूल प्रबंधन कमेटी व अन्य।
गौरतलब है कि चंपा ठाकुर का जन्म 4 नवंबर, 2004 को बाघेईगढ़, चंबा, हिमाचल प्रदेश में हुआ था। चंपा एक उत्साही एथलीट हैं। चंपा वर्तमान में एसएआई धर्मशाला में अपने कौशल को निखार रही हैं। उनके पिता रमेश कुमार स्थानीय टूर्नामेंटों में कुश्ती कोच के रूप में कार्यरत हैं और उनकी माता नारोदेवी एक सिलाई शिक्षिका के रूप में सेवारत हैं। कोच पंकज कुमार और सतवीर कौर से चंपा ने कबड्डी के गुर सिखे हैं। चंपा ने 2024 में हैदराबाद में जूनियर नेशनल में उल्लेखनीय प्रदर्शन किया था। इसके साथ ही वह विश्व कबड्डी टीम का भी हिस्सा रही हैं।
गत दिवस चंपा ठाकुर के बघेईगढ़ स्कूल में स्वागत समारोह में स्कूली बच्चों ने सांस्कृतिक कार्यक्रम भी प्रस्तुत किए। इस मौके पर चंपा ठाकुर के भाई सुमित ठाकुर, कार्यकारी प्रधानाचार्य चैन सिंह, प्रवक्ता पंकज राज, ज्ञान सिंह, टीजीटी अध्यापक पवन कुमार, तेज सिंह, प्रहलाद सिंह, मंजू कुमारी, दिलीप कुमार, राजेंद्र कुमार, अब्दुल मजीद, सुभाष चंद, विनोद शर्मा और वेद ब्यास भी मौजूद रहे।

