चीख-पुकार सुनकर मौके पर पहुंचे ग्रामीण, जमुना प्रसाद वर्मा ने नाले में उतरकर बालिका को सुरक्षित बाहर निकाला

महमूदाबाद क्षेत्र के ग्राम कोठवल में मंगलवार को उस समय अफरा-तफरी का माहौल बन गया, जब करीब 16 वर्षीय एक किशोरी गांव के किनारे पुल के पास स्थित नाले में जा गिरी। अचानक हुए इस हादसे के बाद मौके पर चीख-पुकार मच गई। आसपास मौजूद ग्रामीणों ने तत्काल घटनास्थल की ओर दौड़ लगाई। इसी दौरान एक समाजसेवी ने अपनी जान की परवाह किए बिना नाले में उतरकर किशोरी को सुरक्षित बाहर निकाल लिया।
जानकारी के अनुसार किशोरी चंदेला-कोठवल मार्ग की ओर गई थी। इसी दौरान पुल के समीप नाले के पास उसका पैर अचानक फिसल गया और वह नाले में जा गिरी। पानी में गिरते ही किशोरी को संभलने का मौका नहीं मिला। घटना देखकर आसपास मौजूद लोगों में हड़कंप मच गया और ग्रामीणों ने शोर मचाकर मदद के लिए लोगों को बुलाना शुरू कर दिया।
ग्रामीणों की चीख-पुकार सुनकर समाजसेवी जमुना प्रसाद वर्मा भी तत्काल मौके पर पहुंचे। स्थिति की गंभीरता को देखते हुए उन्होंने बिना समय गंवाए नाले में छलांग लगा दी और तैरकर किशोरी तक पहुंचे। उन्होंने काफी प्रयास के बाद किशोरी को अपने साथ सुरक्षित किनारे तक पहुंचाया। समय रहते मदद मिलने से किशोरी की जान बच गई।
किशोरी के सुरक्षित बाहर निकलने के बाद मौके पर मौजूद ग्रामीणों ने राहत की सांस ली। घटना के बाद काफी देर तक घटनास्थल पर ग्रामीणों की भीड़ जुटी रही। लोगों ने समाजसेवी जमुना प्रसाद वर्मा के साहस और तत्परता की सराहना करते हुए कहा कि यदि उन्होंने समय पर जोखिम उठाकर मदद नहीं की होती तो स्थिति गंभीर हो सकती थी।
ग्रामीणों ने चंदेला-कोठवल मार्ग पर नाले और पुल के आसपास सुरक्षा व्यवस्था को लेकर भी ध्यान देने की आवश्यकता जताई है। उनका कहना है कि ऐसे स्थानों पर पर्याप्त सुरक्षा इंतजाम होने चाहिए, ताकि भविष्य में इस प्रकार की घटनाओं की पुनरावृत्ति न हो। फिलहाल उपलब्ध जानकारी के अनुसार किशोरी को सुरक्षित बचा लिया गया है।

