Reading: भराड़ी स्कूल को मिली नई नेतृत्व टीम: सर्वसम्मति से गठित हुई एसएमसी, राजेन्द्र सिंह पुंडीर बने अध्यक्ष

भराड़ी स्कूल को मिली नई नेतृत्व टीम: सर्वसम्मति से गठित हुई एसएमसी, राजेन्द्र सिंह पुंडीर बने अध्यक्ष

RamParkash Vats
6 Min Read

40 अभिभावकों एवं ग्रामीणों की उपस्थिति में लोकतांत्रिक एवं सर्वसम्मति के आधार पर नई एसएमसी का गठन किया गया।

नौहराधार, 2 जुलाई2026: जिला सिरमौर के विकास खंड शिक्षा अधिकारी कार्यालय नौहराधार के अधीन आने वाली राजकीय माध्यमिक पाठशाला भराड़ी में गुरुवार को विद्यालय प्रबंधन समिति (एसएमसी) के गठन को लेकर आयोजित आम सभा में अभिभावकों और स्थानीय ग्रामीणों की उल्लेखनीय भागीदारी देखने को मिली। लगभग 40 अभिभावकों एवं ग्रामीणों की उपस्थिति में लोकतांत्रिक एवं सर्वसम्मति के आधार पर नई एसएमसी का गठन किया गया।बैठक की अध्यक्षता पदेन सदस्य एवं ग्राम पंचायत भराड़ी के प्रधान तमन धिमान ने की। चुनाव प्रक्रिया विद्यालय प्रभारी विजय पुंडीर, शास्त्री उमादत्त शर्मा तथा शारीरिक शिक्षक सुरेन्द्र चौहान की मौजूदगी में शांतिपूर्ण और पारदर्शी तरीके से संपन्न हुई।

र्वसम्मति से राजेन्द्र पुंडीर को विद्यालय प्रबंधन समिति का अध्यक्ष चुना गया। उनके चयन पर उपस्थित अभिभावकों एवं ग्रामीणों ने तालियों की गड़गड़ाहट के साथ स्वागत किया तथा आशा व्यक्त की कि उनके नेतृत्व में विद्यालय विकास के नए आयाम स्थापित करेगा।नई एसएमसी में बबिता कुमारी, वीना शर्मा, जयवंती, प्रमिला, शीला देवी, दिलेर जंग, हरदेव, अजय पुंडीर, जयपाल एवं उर्मिला चौहान को सदस्य बनाया गया। समिति का मुख्य उद्देश्य विद्यालय में गुणवत्तापूर्ण शिक्षा को बढ़ावा देना, विद्यार्थियों के लिए बेहतर शैक्षणिक वातावरण उपलब्ध कराना, आधारभूत सुविधाओं को मजबूत करना तथा विद्यालय और अभिभावकों के बीच समन्वय को और सुदृढ़ बनाना रहेगा।बैठक के दौरान विद्यालय के समग्र विकास, विद्यार्थियों की नियमित उपस्थिति, स्वच्छ एवं सुरक्षित परिसर, खेल गतिविधियों, पौधारोपण, अनुशासन तथा सरकारी योजनाओं के प्रभावी क्रियान्वयन जैसे विषयों पर भी विस्तार से चर्चा की गई।

अभिभावकों ने विद्यालय के विकास कार्यों में सक्रिय भागीदारी निभाने और हरसंभव सहयोग देने का भरोसा दिलाया विद्यालय प्रभारी विजय पुंडीर कहा कि विद्यालय की उन्नति तभी संभव है जब शिक्षक, अभिभावक और विद्यालय प्रबंधन समिति एक टीम के रूप में कार्य करें। उन्होंने नवगठित एसएमसी से विद्यार्थियों के हितों को सर्वोच्च प्राथमिकता देने और शिक्षा की गुणवत्ता को निरंतर बेहतर बनाने की अपेक्षा व्यक्त की।कार्यक्रम के अंत में नवनिर्वाचित अध्यक्ष एवं सभी सदस्यों को शुभकामनाएं दी गईं। उपस्थित लोगों ने विश्वास जताया कि नई विद्यालय प्रबंधन समिति विद्यालय के विकास कार्यों को नई गति देने के साथ-साथ विद्यार्थियों के उज्ज्वल भविष्य के निर्माण में महत्वपूर्ण भूमिका निभाएगी।
[19:21, 02/07/2026] हिमाचल टुडे Repo: नाहन 02 जुलाई। उपायुक्त सिरमौर प्रियंका वर्मा ने आज यहां उपायुक्त कार्यालय के सभागार में मिशन शक्ति अंबरेला तथा पोषण अभियान के सफल क्रियान्वयन के लिए गठित जिला स्तरीय निगरानी तथा समीक्षा समिति की बैठक की अध्यक्षता की।

उन्होंने बताया कि पोषण अभियान का मुख्य उद्देश्य 0-6 वर्ष तक के बच्चों, गर्भवती महिलाओं, स्तनपान कराने वाली माताओं तथा किशोरियों में कुपोषण और एनीमिया की दर को कम करना तथा बच्चों में कम वजन, बौनापन और महिलाओं व बच्चों में खून की कमी को चरणबद्ध तरीके से खत्म करना है। इस योजना के तहत बच्चे के स्वास्थ्य पर विशेष ध्यान दिया जाता है जो कि बच्चे के मानसिक व शारीरिक विकास के लिए अत्यन्त महत्वपूर्ण है।
उन्होंने बताया कि इस अभियान के अन्तर्गत बच्चे को स्थानीय पौष्टिक आहार, मोटे अनाज विशेषकर बाजरा और आहार विविधता को बढावा दिया जा रहा है तथा जो अति कुपोषित बच्चे अथवा जिनके स्वास्थ्य में सुधार नहीं आता उन्हें पुनर्वास केन्द्रों में रखने का प्रबंध किया जाता है।
जिला सिरमौर में महिला एवं बाल विकास विभाग द्वारा 1486 आंगनवाड़ी केद्रों के माध्यम से 12617 गर्भवती एवं धात्री महिलाओं, 6 माह से 6 वर्ष तक के 2635 बच्चों को पोषाहार एवं अन्य सेवाएं उपलब्ध करवाई जा रही है।
उन्होंने बताया कि बेटी बचाओ, बेटी पढाओ के अन्तर्गत जन्म के समय लिंग अनुपात में गत वर्ष के 957 की अपेक्षा इस वर्ष 1018 दर्ज की गई है जोकि देश तथा प्रदेश की तुलना में अधिक एवं उत्साह वर्धक है।

जिला सिरमौर में इस वित वर्ष के दौरान 8 आंगनवाडी सह क्रेच संचालित किए जा चुके है तथा भविष्य में 57 क्रेच संचालित किए जाने प्रस्तावित है।
उन्होंने बताया कि मुख्यमंत्री सुख आश्रय योजना के अंतर्गत वित्त वर्ष 2026-27 के दौरान सामाजिक सुरक्षा के तहत 52 लाख, 11 हजार, 500 रुपये की राशि स्वीकृत की गई है जिसके तहत अभी तक 119 पात्र लाभार्थियों को 14 लाख, 25 हजार, 935 रुपये की राशि दी जा चुकी है। इसी प्रकार इंदिरा गांधी सुख शिक्षा योजना के तहत 18 वर्ष तक के पात्र 1891 लाभार्थियों को 57 लाख, 70 हजार, 228 रुपये जबकि 18 वर्ष से 27 वर्ष के 11 पात्र लाभार्थियों को 2 लाख, 26 हजार, 499 रुपये की वित्तीय सहायता वितरित की गई।जिला कार्यक्रम अधिकारी पवन कुमार ने बैठक में मदों को क्रमवार प्रस्तुत किए।
इस अवसर पर जिला विकास अधिकारी (ग्रामीण विकास) अंजली गर्ग, जिला पंचायत अधिकारी विक्रम ठाकुर, जिला में कार्यरत सभी बाल विकास परियोजना अधिकारी सहित विभिन्न विभागों के अधिकारी भी उपस्थित रहे।

Share This Article
Leave a comment
error: Content is protected !!