शिमला 22 अक्तूबर 2025 स्टेट चीफ़ ब्यूरो विजय समयाल
हिमाचल प्रदेश के ग्रामीण क्षेत्रों में स्वास्थ्य सेवाओं को सुदृढ़ करने के लिए केंद्र सरकार ने बड़ा कदम उठाया है। 15वें वित्त आयोग के तहत हिमाचल सरकार को 51.79 करोड़ रुपये की राशि जारी की गई है, जिसे ग्रामीण प्राथमिक एवं सामुदायिक स्वास्थ्य केंद्रों के आधारभूत ढांचे के विकास पर खर्च किया जाएगा। यह धनराशि तीन चरणों में जारी हुई है—पहले में 16.77 करोड़, दूसरे में 31.33 करोड़ और तीसरे में 4.13 करोड़ रुपये। इस राशि से नए स्वास्थ्य केंद्रों का निर्माण, पुराने केंद्रों के सुधार, बिस्तरों और आधुनिक उपकरणों की खरीद की जाएगी।
प्रदेश सरकार ने निर्णय लिया है कि ग्रामीण क्षेत्रों के लोगों को उनके घर-द्वार पर ही चिकित्सा सुविधा मिले। इसके लिए डॉक्टरों की टीम घर-घर जाकर बुजुर्गों की स्वास्थ्य जांच करेगी। रुटीन टेस्ट मौके पर ही किए जाएंगे और गंभीर बीमार मरीजों को अस्पताल भेजने की व्यवस्था होगी। साथ ही, प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्रों में तीन बिस्तर और आवश्यक उपकरण लगाए जाएंगे, जिससे आपातकालीन सेवाएं बेहतर हों।
दूरस्थ क्षेत्रों में स्वास्थ्य सुविधाएं पहुंचाने के लिए प्रदेश सरकार ने ड्रोन तकनीक का भी उपयोग शुरू किया है। मरीजों के सैंपल ड्रोन के माध्यम से नजदीकी स्वास्थ्य संस्थानों तक भेजे जाएंगे। प्रत्येक प्राथमिक स्वास्थ्य केंद्र में अब एक डॉक्टर, एक नर्स और एक फार्मासिस्ट की तैनाती सुनिश्चित की जा रही है, ताकि ग्रामीण जनता को समय पर गुणवत्तापूर्ण इलाज मिल सके। यह पहल ग्रामीण स्वास्थ्य प्रणाली को नई दिशा और गति देने की ओर एक बड़ा कदम है।

