अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय ने अजमेर, राजस्थान में दरगाह ख्वाजा साहब के 814वें उर्स की तैयारियों की समीक्षा की
इस समीक्षा का मुख्य उद्देश्य उर्स के दौरान दरगाह आने वाले यात्रियों की सुरक्षा, संरक्षा और सुविधा के लिए व्यापक व्यवस्था सुनिश्चित करना था
अजमेर 13 DEC 2025 ,Sampadan Ram Pasrkash Vats
अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय ने आज अजमेर में 17 दिसंबर 2025 से शुरू होने वाले दरगाह ख्वाजा साहब के 814वें उर्स की तैयारियों का जायजा लेने के लिए एक उच्चस्तरीय समीक्षा बैठक आयोजित की। बैठक का मुख्य फोकस उर्स के दौरान दरगाह आने वाले ज़ियारिनों की सुरक्षा, संरक्षा और सुविधा के लिए व्यापक और प्रभावी व्यवस्थाएं सुनिश्चित करना रहा।

बैठक में मंत्रालय के अधिकारियों ने आयोजन के सुचारू और शांतिपूर्ण संचालन के लिए सभी संबंधित एजेंसियों के बीच घनिष्ठ समन्वय की आवश्यकता पर बल दिया। परंपरा के अनुसार प्रधानमंत्री श्री नरेंद्र मोदी द्वारा दरगाह ख्वाजा साहब में प्रतिवर्ष भेजी जाने वाली चादर का भी उल्लेख किया गया, जो भारत की समृद्ध सांस्कृतिक और आध्यात्मिक विरासत के प्रति सम्मान का प्रतीक है।
समीक्षा के दौरान प्रमुख व्यवस्थाओं पर चर्चा की गई, जिनमें महत्वपूर्ण स्थानों पर सीसीटीवी कैमरों की स्थापना, पर्याप्त पेयजल और शौचालयों की उपलब्धता, पार्किंग सुविधाएं, स्वच्छता व सफाई, प्रभावी भीड़ प्रबंधन तथा डीकेएस क्षेत्र से आवारा पशुओं को हटाने जैसे कदम शामिल हैं। जिला प्रशासन ने आश्वस्त किया कि सभी आवश्यक उपाय किए जा रहे हैं और संबंधित विभागों को पूरी तरह तैयार रहने के निर्देश दिए गए हैं।

फील्ड समीक्षा के तहत मंत्रालय के अधिकारियों ने अजमेर के बाहरी क्षेत्र में लगभग 150 बीघा भूमि पर विकसित किए जा रहे विश्राम शिविर (मुसाफिरखाना) का भी निरीक्षण किया, जहां उर्स के दौरान ज़ियारिनों के आवास और अन्य सुविधाओं की व्यवस्था की जा रही है। मंत्रालय ने जिला प्रशासन की तैयारियों पर संतोष व्यक्त करते हुए उर्स के दौरान किसी भी समस्या के त्वरित समाधान के लिए निरंतर निगरानी की आवश्यकता पर जोर दिया।
बैठक की अध्यक्षता अल्पसंख्यक कार्य मंत्रालय के निदेशक श्री एस.पी. सिंह तेवतिया ने की। इसमें जिला प्रशासन के वरिष्ठ अधिकारी और दरगाह ख्वाजा साहब (डीकेएस) के प्रतिनिधि उपस्थित रहे। मंत्रालय ने राज्य और जिला प्रशासन के साथ मिलकर काम करने की अपनी प्रतिबद्धता दोहराई, ताकि 814वें उर्स के दौरान ज़ियारिन सुरक्षित, संरक्षित और आरामदायक वातावरण में अपनी यात्रा पूरी कर सकें।

