शिमला/25 अक्तूबर, 2025, स्टेट चीफ़ ब्यूरो विजय समयाल
हिमाचल प्रदेश के मुख्यमंत्री ठाकुर सुखविंद्र सिंह सुक्खू की अध्यक्षता में आज आयोजित मंत्रिमंडलीय बैठक में राज्य के विभिन्न क्षेत्रों में विकास और सुधार के लिए कई महत्वपूर्ण निर्णय लिए गए। परिवहन विभाग को राजीव गांधी स्वरोजगार योजना के तहत 1000 मौजूदा डीजल और पेट्रोल टैक्सियों को इलेक्ट्रिक टैक्सियों से बदलने की अनुमति दी गई, जिसमें 40 प्रतिशत सब्सिडी का प्रावधान रखा गया है। राज्य के विशेष पुलिस अधिकारियों के मानदेय में 1 अप्रैल, 2025 से 300 रुपये प्रति माह की वृद्धि की मंजूरी दी गई, जिससे 510 अधिकारी लाभान्वित होंगे। इसके अलावा, एसएमसी शिक्षकों, आईटी कंप्यूटर शिक्षकों, मिड-डे-मील कार्यकर्ताओं और अंशकालिक जलवाहकों के मानदेय में 500 रुपये प्रति माह की वृद्धि की स्वीकृति प्रदान की गई।
मंत्रिमंडल ने प्राकृतिक खेती खुशहाल किसान योजना और हिमाचल प्रदेश फसल विविधीकरण परियोजना (जाइका चरण-2) के कार्यान्वयन और निगरानी को अधिक प्रभावी बनाने के प्रस्ताव को भी मंजूरी दी, जिससे परियोजनाओं के उद्देश्यों की प्राप्ति और विभागों के बीच सामंजस्य सुनिश्चित होगा।बैठक में ग्रामीण क्षेत्रों में निर्माण गतिविधियों के नियमन के लिए ग्राम पंचायतों द्वारा अपनाए जाने वाले ग्रामीण क्षेत्र विकास दिशा-निर्देशों के प्रारूप को अंतिम रूप देने हेतु एक मंत्रिमंडलीय उप-समिति गठित की गई। इसके अतिरिक्त, राज्य सरकार के विभिन्न विभागों में ग्रुप-ए, बी, सी और डी के पदों में नियुक्ति के लिए योग्य मेधावी खिलाड़ियों की सूची में 19 खेलों को शामिल करने की मंजूरी दी गई। मंत्रिमंडल ने कनिष्ठ कार्यालय सहायक (आईटी) के लिए एक विशेष राज्य संवर्ग का निर्माण किया, नाहन मेडिकल कॉलेज के विस्तार और चिकित्सा शिक्षा एवं अनुसंधान विभाग में नए स्नातकोत्तर व सुपर स्पेशियलिटी पाठ्यक्रमों में प्रवेश को विनियमित करने के लिए स्वीकृति प्रदान की।
साथ ही, आईजीएमसी शिमला और अन्य चिकित्सा महाविद्यालयों में सहायक प्रोफेसर के 32 नये पदों को स्वास्थ्य विभाग के अंतर्गत स्थानांतरित करने, नई रेजिडेंट डॉक्टर्स नीति-2025 तैयार करने और सहायक स्टाफ नर्स की नियुक्ति के लिए नीति बनाने की मंजूरी भी दी गई।मंत्रिमंडल ने हिमाचल प्रदेश के मूल निवासियों के लिए भू-स्थलीय सौर ऊर्जा परियोजनाओं की स्थापना हेतु राजीव गांधी स्वरोजगार सौर ऊर्जा योजना में संशोधन को मंजूरी दी, जिसके तहत जनजातीय और गैर-जनजातीय क्षेत्रों में 100 किलोवाट से 2 मेगावाट तक की परियोजनाओं पर ब्याज अनुदान प्रदान किया जाएगा। इसके अतिरिक्त, नगर एवं ग्राम नियोजन नियम, 2014 में संशोधन कर पूंजी निवेश हेतु विशेष सहायता योजना को लागू करने, पर्यटन निवेश संवर्धन परिषद की स्थापना और फार्मा इकाइयों में अल्कोहल एवं स्पिरिट की खरीद और भंडारण के लिए नोडल एजेंसी के रूप में निगम को नामित करने का निर्णय लिया गया।
मंत्रिमंडल ने पुरुष अनुबंध कर्मचारियों को 15 दिन का पितृत्व अवकाश, सोलन जिले में तीन नए सरकारी प्राथमिक विद्यालय, और डॉ. यशवंत सिंह परमार विद्यार्थी ऋण योजना में संशोधन सहित स्नातकोत्तर शिक्षा के लिए 1 प्रतिशत ब्याज दर और परिवार की आय सीमा बढ़ाकर 12 लाख रुपये प्रति वर्ष करने की मंजूरी दी। इन सभी निर्णयों का उद्देश्य प्रदेश के शिक्षा, स्वास्थ्य, ऊर्जा, खेल और ग्रामीण विकास के क्षेत्रों में समग्र और संतुलित प्रगति सुनिश्चित करना है।—अगर आप चाहें तो मैं इसे और टीवी न्यूज़ रिपोर्ट या प्रेस रिलीज़ शैली में भी तैयार कर सकता हूँ ताकि इसे मीडिया में पढ़ा जा सके।

