
फतेहपुर:जिला कांगड़ा के राजकीय मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला (सीबीएसई) फतेहपुर में आयोजित बॉयज जोनल स्तरीय खेल प्रतियोगिता का सोमवार को शानदार समापन हुआ। समापन समारोह में जिला परिषद सदस्य रघुवीर सिंह पठानिया ने बतौर मुख्यातिथि शिरकत की। प्रतियोगिता में विभिन्न विद्यालयों के खिलाड़ियों ने वॉलीबॉल, कबड्डी, खो-खो, बैडमिंटन, चैस और रेसलिंग सहित विभिन्न खेलों में अपनी प्रतिभा का प्रदर्शन किया।

समारोह में विद्यालय की प्रधानाचार्या सोनी धीमान, स्टाफ सदस्यों और आयोजन समिति ने मुख्यातिथि रघुवीर सिंह पठानिया को टोपी व शाल पहनाकर तथा स्मृति चिन्ह भेंट कर सम्मानित किया। इस अवसर पर अजय जम्बाल, गोलबां पंचायत के पूर्व प्रधान एवं वर्तमान उपप्रधान अनिल पप्पू, पूर्व ब्लॉक समिति चेयरमैन सुरेंद्र शर्मा निवासी रैहन, समाजसेवी मनजीत और दिबांशु सपेहिया सहित अन्य गणमान्य लोग उपस्थित रहे।

वॉलीबॉल में फतेहपुर सीबीएसई विजेता
वॉलीबॉल में राजकीय मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सीबीएसई फतेहपुर की टीम ने शानदार प्रदर्शन करते हुए विजेता का खिताब हासिल किया। पीएम श्री राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला राजा का तालाब की टीम उपविजेता रही।

कबड्डी में भी फतेहपुर का कब्जा
कबड्डी में भी फतेहपुर सीबीएसई की टीम ने दमदार प्रदर्शन करते हुए पहला स्थान प्राप्त किया। राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला स्थाना की टीम उपविजेता रही।

खो-खो में स्थाना ने मारी बाजी
खो-खो प्रतियोगिता में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला स्थाना की टीम विजेता रही, जबकि राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला धमेटा की टीम उपविजेता बनी।

बैडमिंटन में रैहन विजेता
बैडमिंटन में सीआरसी राजकीय वरिष्ठ उत्कृष्ट पाठशाला रैहन की टीम ने पहला स्थान हासिल किया। निजी विद्यालय गुरुकुल समकड़, धमेटा की टीम उपविजेता रही।

चैस में मनोह-सिहाल विजेता
चैस प्रतियोगिता में राजकीय वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला मनोह-सिहाल की टीम विजेता रही, जबकि एचआर स्कूल रैहन की टीम ने उपविजेता का स्थान प्राप्त किया।

रेसलिंग में फतेहपुर सीबीएसई ऑल ओवर चैंपियन
रेसलिंग में राजकीय मॉडल वरिष्ठ माध्यमिक पाठशाला सीबीएसई फतेहपुर ने शानदार प्रदर्शन करते हुए ऑल ओवर चैंपियनशिप अपने नाम की।

खेलों से विकसित होती है नेतृत्व क्षमता : पठानिया
मुख्यातिथि रघुवीर सिंह पठानिया ने खिलाड़ियों को संबोधित करते हुए कहा कि खेल विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। खेलों से अनुशासन, आत्मविश्वास, नेतृत्व क्षमता और टीम भावना विकसित होती है। ग्रामीण क्षेत्रों में प्रतिभाओं की कोई कमी नहीं है, आवश्यकता उन्हें उचित मंच और अवसर उपलब्ध करवाने की है।
उन्होंने विद्यार्थियों से पढ़ाई के साथ-साथ खेलों में भी बढ़-चढ़कर भाग लेने का आह्वान किया। उन्होंने कहा कि खेलों में जीत-हार से अधिक महत्वपूर्ण खेल भावना, मेहनत और निरंतर प्रयास है। उन्होंने प्रतियोगिता में उत्साहपूर्वक भाग लेने वाले सभी खिलाड़ियों को बधाई दी।समापन अवसर पर विजेता और उपविजेता टीमों को सम्मानित किया गया। आयोजन में खिलाड़ियों, प्रशिक्षकों, शिक्षकों और आयोजन समिति के सदस्यों के योगदान की भी सराहना की गई।

