Nupur/24/06/2026/Newsindia Aaj Tak /News Desk VIJAY SAMYAL

युवाओं को नशे के दुष्प्रभावों के प्रति जागरूक करने और उन्हें सकारात्मक जीवनशैली अपनाने के लिए प्रेरित करने के उद्देश्य से सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग द्वारा निरंतर जागरूकता अभियान चलाए जा रहे हैं। इसी कड़ी में बुधवार को तहसील कल्याण अधिकारी, नूरपुर द्वारा मॉन्टेसरी कैम्ब्रिज स्कूल, राजा का बाग में एक प्रभावी नशा जागरूकता कार्यक्रम आयोजित किया गया। कार्यक्रम में विद्यार्थियों ने बढ़-चढ़कर भाग लिया और नशे के खिलाफ सशक्त संदेश देते हुए समाज को जागरूक करने का संकल्प लिया।

कार्यक्रम की अध्यक्षता तहसील कल्याण अधिकारी अनूप सिंह ने की। उन्होंने अपने संबोधन में कहा कि आज के समय में नशा समाज के सामने एक गंभीर चुनौती बनकर उभर रहा है। विशेष रूप से युवा वर्ग इसकी चपेट में आकर अपने सुनहरे भविष्य को अंधकारमय बना रहा है। उन्होंने कहा कि नशे की लत न केवल व्यक्ति के शारीरिक और मानसिक स्वास्थ्य को प्रभावित करती है, बल्कि उसकी शिक्षा, पारिवारिक जीवन, सामाजिक प्रतिष्ठा और आर्थिक स्थिति पर भी प्रतिकूल प्रभाव डालती है।
कार्यक्रम के दौरान विद्यार्थियों में जागरूकता बढ़ाने के उद्देश्य से पेंटिंग, स्लोगन लेखन तथा निबंध लेखन प्रतियोगिताओं का आयोजन किया गया। इन प्रतियोगिताओं में लगभग 60 विद्यार्थियों ने उत्साहपूर्वक भाग लिया और अपनी रचनात्मक प्रतिभा के माध्यम से नशे के खिलाफ प्रभावशाली संदेश प्रस्तुत किए। विद्यार्थियों द्वारा बनाई गई पेंटिंग्स और लिखे गए स्लोगनों में नशे से होने वाले दुष्प्रभावों को दर्शाने के साथ-साथ स्वस्थ और सकारात्मक जीवन अपनाने की प्रेरणा भी दी गई।

अनूप सिंह ने विद्यार्थियों को संबोधित करते हुए कहा कि जीवन में सफलता प्राप्त करने के लिए अनुशासन, परिश्रम और सकारात्मक सोच अत्यंत आवश्यक है। उन्होंने विद्यार्थियों से आह्वान किया कि वे नशे जैसी बुराइयों से स्वयं दूर रहें और अपने मित्रों, परिवार तथा समाज के अन्य लोगों को भी इसके दुष्परिणामों के प्रति जागरूक करें। उन्होंने कहा कि शिक्षा, खेलकूद, योग, सांस्कृतिक गतिविधियों तथा अन्य रचनात्मक कार्यों में सक्रिय भागीदारी युवाओं को नशे से दूर रखने में महत्वपूर्ण भूमिका निभा सकती है।
उन्होंने यह भी कहा कि यदि युवा पीढ़ी जागरूक और जिम्मेदार बनेगी तो न केवल स्वयं का भविष्य सुरक्षित होगा, बल्कि एक स्वस्थ, समृद्ध और नशामुक्त समाज के निर्माण का मार्ग भी प्रशस्त होगा। समाज को नशे की समस्या से मुक्त करने के लिए सभी वर्गों के लोगों को मिलकर प्रयास करने की आवश्यकता है।

कार्यक्रम के अंत में विद्यार्थियों एवं शिक्षकों को नशा मुक्त समाज के निर्माण की शपथ दिलाई गई। सभी ने संकल्प लिया कि वे स्वयं किसी भी प्रकार के नशे का सेवन नहीं करेंगे और दूसरों को भी नशे से दूर रहने के लिए प्रेरित करेंगे।
विद्यालय के चेयरमैन राम किशोर महाजन तथा अध्यापकों ने सामाजिक न्याय एवं अधिकारिता विभाग की इस पहल की सराहना करते हुए कहा कि इस प्रकार के जागरूकता कार्यक्रम विद्यार्थियों के सर्वांगीण विकास में महत्वपूर्ण भूमिका निभाते हैं। उन्होंने कहा कि ऐसे आयोजन विद्यार्थियों में सामाजिक जिम्मेदारी की भावना विकसित करने के साथ-साथ उन्हें जीवन में सही दिशा चुनने के लिए भी प्रेरित करते हैं। कार्यक्रम का समापन नशा मुक्त भारत के संकल्प के साथ हुआ।

